सिंदूरदान के समय दुल्हन ने शादी से किया इनकार, बिना दुल्हन लौट गई बारात

रजनीश कुमार,
गढ़वा


गढ़वा जिले के रमना प्रखंड क्षेत्र में मंगलवार की रात एक शादी समारोह उस समय चर्चा का विषय बन गया, जब जयमाला और विवाह की लगभग सभी रस्में पूरी होने के बाद दुल्हन ने सिंदूरदान के समय शादी करने से साफ इनकार कर दिया। दुल्हन के फैसले के बाद शादी समारोह में अफरा-तफरी मच गई और पूरी रात पंचायत, समझाइश व बातचीत का दौर चलता रहा। अंततः दूल्हा पक्ष को बिना शादी संपन्न हुए ही बारात वापस लेकर लौटना पड़ा।

मिली जानकारी के अनुसार रमना थाना क्षेत्र के बगौंधा टोला निवासी सुखट राम की पुत्री पुष्पा कुमारी की शादी गढ़वा थाना क्षेत्र के जोबरईया गांव निवासी दशरथ राम उर्फ बसंत राम के पुत्र दीपक कुमार रवि के साथ तय हुई थी। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मंगलवार की रात बारात पूरे गाजे-बाजे और धूमधाम के साथ बगौंधा टोला पहुंची। घराती पक्ष द्वारा बारातियों का पारंपरिक तरीके से गर्मजोशी के साथ स्वागत किया गया।

इसके बाद जयमाला कार्यक्रम हर्षोल्लास के माहौल में संपन्न हुआ। विवाह मंडप में पंडित द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के बीच शादी की अन्य रस्में भी पूरी कराई गईं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार जब सिंदूरदान की रस्म शुरू हुई और दूल्हा दुल्हन की मांग में सिंदूर भरने लगा, तभी दुल्हन पुष्पा कुमारी ने हाथ से सिंदूर हटाते हुए शादी करने से इनकार कर दिया। दुल्हन के अचानक लिये गए इस फैसले से मंडप में मौजूद दोनों पक्षों के लोग स्तब्ध रह गए। देखते ही देखते समारोह स्थल पर अफरा-तफरी की स्थिति उत्पन्न हो गई। दोनों परिवारों के परिजन, रिश्तेदार और ग्रामीण लड़की को समझाने में जुट गए, लेकिन वह अपने फैसले पर अडिग रही।

घटना की सूचना मिलने पर गांव के कई ग्रामीणों के साथ स्थानीय मुखिया प्रतिनिधि विरंची पासवान एवं अन्य जनप्रतिनिधि भी मौके पर पहुंचे। सभी ने लड़की को समझाने और मामला सुलझाने का प्रयास किया। पूरी रात पंचायत और बातचीत का दौर चलता रहा, लेकिन कोई समाधान नहीं निकल सका। सुबह होने तक स्थिति जस की तस बनी रहने पर लड़के के पिता दशरथ राम उर्फ बसंत राम ने स्थानीय थाना को इसकी सूचना दी। सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों से बातचीत कर मामला शांत कराने की कोशिश की। हालांकि पुलिस हस्तक्षेप के बाद भी दुल्हन शादी के लिए तैयार नहीं हुई।

आखिरकार काफी मशक्कत, समझाइश और निराशा के बाद दूल्हा पक्ष को बिना दुल्हन के ही बारात वापस लेकर लौटना पड़ा। घटना के बाद पूरे इलाके में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है और लोग तरह-तरह की चर्चाएं कर रहे हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!